Bihar Parivarik Batwara & Jamabandi Online : बिहार में पारिवारिक भूमि बंटवारे और जमाबंदी की नई ऑनलाइन व्यवस्था लागू –पारिवारिक भूमि बंटवारे की प्रक्रिया को सरल, आसान और विवाद मुक्त बनाने के उद्देश्य से राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार सरकार ने एक नई व्यवस्था की शुरुआत की है। यह नई प्रणाली बिहार भूमि पोर्टल पर लागू की गई है, जिसे शनिवार, 27 दिसम्बर से प्रभावी कर दिया गया है।
इस पहल से अब राज्य के नागरिकों को पारिवारिक जमीन के बंटवारे और जमाबंदी के लिए कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
नई व्यवस्था का उद्देश्य
राज्य में वर्षों से पारिवारिक जमीन को लेकर विवाद होते आ रहे हैं। इन्हीं समस्याओं को देखते हुए सरकार ने:
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भूमि बंटवारे की प्रक्रिया को सरल बनाया
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पारदर्शिता बढ़ाई
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डिजिटल माध्यम से सेवा उपलब्ध कराई
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भूमि विवाद को न्यूनतम करने की पहल की
पारिवारिक भूमि की जमाबंदी को लेकर नया नियम
नई व्यवस्था के तहत अब:
👉 पारिवारिक भूमि की जमाबंदी के लिए सभी हिस्सेदारों को अलग-अलग आवेदन देने की आवश्यकता नहीं होगी।
👉 सभी हिस्सेदारों की ओर से एक ही संयुक्त आवेदन स्वीकार किया जाएगा।
इससे पहले प्रत्येक हिस्सेदार को अलग आवेदन देना पड़ता था, जिससे प्रक्रिया लंबी और जटिल हो जाती थी।
कई पीढ़ियों से बंटवारा नहीं हुई भूमि के लिए वंशावली अनिवार्य
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि:
📌 जिन पारिवारिक जमीनों का कई पीढ़ियों से बंटवारा नहीं हुआ है,
📌 और जो भूमि पैतृक रूप से चली आ रही है,
उन मामलों में वंशावली (Family Tree) लगाना अनिवार्य होगा।
वंशावली में शामिल विवरण:
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मूल भूमिधर का नाम
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पीढ़ी दर पीढ़ी उत्तराधिकार
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वर्तमान जीवित हिस्सेदार
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पारिवारिक संबंध का स्पष्ट उल्लेख
इससे फर्जी दावों पर रोक लगेगी और सही उत्तराधिकारी की पहचान आसान होगी।
पारिवारिक बंटवारा क्या होता है?
पारिवारिक बंटवारा वह प्रक्रिया है, जिसमें संयुक्त या पैतृक भूमि को कानूनी रूप से सभी हिस्सेदारों में विभाजित किया जाता है। बंटवारे के बाद प्रत्येक हिस्सेदार के नाम से अलग-अलग जमाबंदी बनाई जाती है।
Jamabandi (जमाबंदी) क्या है?
जमाबंदी का अर्थ है जमीन का नाम राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज होना। जमाबंदी होने के बाद ही व्यक्ति को जमीन का कानूनी स्वामित्व प्राप्त होता है।
Bihar Land Portal पर नई व्यवस्था की मुख्य विशेषताएं
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✅ बिहार भूमि पोर्टल से ऑनलाइन आवेदन
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✅ 27 दिसम्बर से नई प्रणाली लागू
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✅ एक आवेदन में सभी हिस्सेदार शामिल
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✅ वंशावली के आधार पर उत्तराधिकार तय
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✅ पूरी तरह पारदर्शी प्रक्रिया
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✅ आवेदन की ऑनलाइन स्थिति जांच
कौन आवेदन कर सकता है?
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संयुक्त परिवार के सदस्य
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पैतृक भूमि के सभी कानूनी उत्तराधिकारी
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सभी हिस्सेदारों की आपसी सहमति अनिवार्य
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बिहार राज्य के निवासी
आवश्यक दस्तावेज Bihar Parivarik Batwara & Jamabandi Online
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आधार कार्ड
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जमीन का खाता नंबर
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खेसरा नंबर
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पुरानी जमाबंदी की प्रति
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वंशावली (यदि कई पीढ़ियों से बंटवारा नहीं हुआ हो)
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सभी हिस्सेदारों की सहमति पत्र
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मोबाइल नंबर
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ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया (संक्षेप में)
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बिहार भूमि पोर्टल पर जाएं
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“Parivarik Batwara Online” विकल्प चुनें
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नया पंजीकरण करें
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सभी हिस्सेदारों की जानकारी भरें
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दस्तावेज अपलोड करें
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आवेदन सबमिट करें
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आवेदन संख्या से स्थिति ट्रैक करें
नई व्यवस्था से होने वाले लाभ
| पहले | अब |
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| जटिल और लंबी प्रक्रिया | सरल और डिजिटल |
| हर हिस्सेदार का अलग आवेदन | एक संयुक्त आवेदन |
| विवाद की संभावना अधिक | विवाद मुक्त प्रक्रिया |
महत्वपूर्ण निर्देश
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सभी दस्तावेज सही और स्पष्ट अपलोड करें
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वंशावली में कोई त्रुटि न हो
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गलत जानकारी देने पर आवेदन रद्द किया जा सकता है
निष्कर्ष
Bihar Parivarik Batwara & Jamabandi Online की नई व्यवस्था बिहार सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है। 27 दिसम्बर से लागू यह प्रणाली पारिवारिक भूमि बंटवारे को आसान, तेज और विवाद मुक्त बनाएगी। आम नागरिक अब बिना किसी परेशानी के घर बैठे इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।